ਕੈਮਰੇ ਚ ਕੈਦ ਹੋਈ ਸ਼ਸ਼ੀ ਕਪੂਰ ਦੇ ਜਵਾਈ ਦੀ ਗੰਦੀ ਕਰਤੂਤ ਦੇਖੋ …

मुम्बई – बॉलीवुड के एवरग्रीन एक्टर शशि कपूर अब इस दुनिया में नहीं रहे। बिते मंगलवार को इस बॉलीवुड के सबसे बड़े स्टार का निधन हो गया। वो 79 साल के थे। उनका अंतिम संस्कार आज पूरे हिन्दु रीति रिवाज के साथ किया है, जिसमें ना सिर्फ बॉलीवुड जगत के बल्कि पूरे देश के लोगों ने अपने चहेते सुपर स्टार शशि कपूर को श्रद्धांजलि दी। मुबंई स्थित सांताक्रूज में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। लेकिन, वहां एक सबसे चौकाने वाली बात देखने को मिली।

देखिये इन की शर्मनाक हरकत , लोग रो रहे हैं और ये …

देखिये इन की शर्मनाक हरकत , लोग रो रहे हैं और ये …

मुबंई स्थित सांताक्रूज में शशि कपूर के अंतिम संस्कार में उनके दामाद और करीना कपूर के पति सैफ अली खान भी पहुंचे। लेकिन, वहां उन्होंने कुछ ऐसा कर दिया जिसकी चर्चा की जा रही है और करीना कपूर के पति सैफ अली खान की आलोचना हो रही है। दरअसल, शशि कपूर के अंतिम संस्कार के वक्त एक तस्वीर कैमरे में कैद हो गई, जिसे देखकर हर किसी को करीना कपूर के पति सैफ अली खान पर गुस्सा आ रहा है। तस्वीर में आप देखते हैं कि जहां शशि कपूर के निधन पर बॉलीवुड के सभी स्टार दुखी हैं और रो रहे हैं तो वहीं करीना कपूर के पति सैफ अली खान यानि शशि कपूर के दामाद हंस रहे हैं। इस तस्वीर के सामने आने के बाद लोग सैफ अली खान को जमकर सुना रहे हैं।

कपूर खानदान को एक्टिंग की दुनिया में नई ऊचाँइयों पर पहुँचाने वाले शशि कपूर, राज कपूर और शम्मी कपूर के सबसे छोटे भाई थे। 79 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाले बॉलीवुड के सुपर स्टार शशि कपूर के निधन का समाचार मिलते ही पूरा बॉलीवुड दुखी हो गया। शशि कपूर के अंतिम संस्कार में अमिताभ बच्चन, सलमान के पिता सलीम खान, ऋषि कपूर, रणबीर कपूर समेत फिल्म इंडस्ट्री के लगभग सभी लोग मौजूद रहे। शशि कपूर की गिनती दुनिया के बेहतरीन कलाकारों में की जाती थी। उनकी फिल्में आज भी लोगों को काफी पसंद आती है। आपको बता दे कि शशि कपुर की शादी 1958 में जेनिफर केंडल से हुई थी।

शशि कपूर के अंतिम संस्कार के दिन एक तरफ जहां बॉलीवुड के सभी स्टार दुखी थे और रो रहे थे तो वहीं करीना कपूर के पति सैफ अली खान यानि शशि कपूर के दामाद हंस रहे हैं। इसके अलावा, जब कपूर खानदान के दामाद यानी करीना कपूर के पति सैफ अली खान, शशि‍ कपूर की अंमित यात्रा में पहुंचे तो उनके लिए रणबीर कपूर छाता लेकर साथ चलते नजर आए। आपको बता दें कि मुंबई में हो रही लगातार बारिश के कारण रणबीर और सैफ एक साथ हाथ में छाता लिये दिखे।

ਸੁੱਕੇ ਖੂਹ ਚੋ ਆ ਰਹੀਆਂ ਸੀ ਅਜੀਬ ਆਵਾਜਾਂ , ਜਦੋਂ ਅੰਦਰ ਦੇਖਿਆ ਤਾਂ ਨਜਾਰਾ ਵੇਖ ਲੋਕ ਰਹਿ ਗਏ ਹੈਰਾਨ ।

हाल ही में एक जंगली लकड़बग्घा जंगल से भटकते हुए जिले के दूरस्थ गांव के बाहर बने एक सूखे कुएं में आकर गिर गया. जब कुछ लोग वहां से गुजरे तो कुए से आती अजीब आवाज़ों ने उनका ध्यान अपनी ओर खीचा. जब अंदर झांका गया तो चमकती आँखे देख लोग हैरान रह गये और तुरंत वन विभाग को सूचना दी. मौके पर पहुंच वन विभाग के अधिकारीयों ने करीब 25 घंटे की मशक्कत के बाद कुए में गिरे लकड़बग्घे को सुरक्षित बाहर निकाला. उसके बाद जो हुआ वो जानकर हैरान रह जायेंगे.

-शनिवार को देर रात एक लकड़बग्घा सूरजपुर जिले के दूरस्थ गांव में जगल से भटकते हुए एक सूखे कुएं में जा गिरा.

-अगली सुबह कुए के पास से गुजर रहे एक व्यक्ति ने जब कुएं से आती अजीब आवाज सुनी तो अंदर झांककर देखा. कुएं में गिरे एक लकड़बग्घा को देख उसके होश उड़ गये. ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ ਪੰਜਾਬੀ ਤੜਕਾ ਨਿਊਜ਼ ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .

-व्यक्ति ने गांववालों को इसकी जानकारी दी और वन विभाग को भी तुरंत सूचित किया गया.
ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ ਪੰਜਾਬੀ ਤੜਕਾ ਨਿਊਜ਼ ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .
-जानकारी के अनुसार सूखे कुए में निर्माण कार्य चल रहा था और कुआ करीब 30 फीट गहरा था.

-मौके पर पहुँच वन विभाग की एक टीम और गांव वालों ने लकड़बग्घे को निकालने की खूब कोशिश की लेकिन वो उसे निकालने में असफल रहे.

-फिर हारकर कुछ लोगों ने ही कुएं में सीढ़ी के सहारे उतरने का फ़ैसला किया और रस्सियों की मदद से लकड़बग्घे को उसमे फंसाकर बांध दिया.

-तब कही जाकर अगली सुबह सोमवार को जानवर को सुरक्षित बाहर निकाला जा सका. ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ ਪੰਜਾਬੀ ਤੜਕਾ ਨਿਊਜ਼ ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .

-25 घंटे से ज्यादा चले इस पूरे रेस्क्यू के बाद लकड़बग्घे को वापस जंगल में छोड़ दिया गया.

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हाल ही में एक जंगली लकड़बग्घा जंगल से भटकते हुए जिले के दूरस्थ गांव के बाहर बने एक सूखे कुएं में आकर गिर गया. जब कुछ लोग वहां से गुजरे तो कुए से आती अजीब आवाज़ों ने उनका ध्यान अपनी ओर खीचा. जब अंदर झांका गया तो चमकती आँखे देख लोग हैरान रह गये और तुरंत वन विभाग को सूचना दी. मौके पर पहुंच वन विभाग के अधिकारीयों ने करीब 25 घंटे की मशक्कत के बाद कुए में गिरे लकड़बग्घे को सुरक्षित बाहर निकाला. उसके बाद जो हुआ वो जानकर हैरान रह जायेंगे.

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ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ!

ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! : ਇੰਡੋਨੇਸ਼ੀਆ ਸਮੁੰਦਰ ਦੇ ਕੰਢੇ ‘ਤੇ ਸ਼ਾਰਕ ਵੇਲ੍ਹਾਂ ਦਾ ਇਕੱਠਾ ਹੋਣਾ ਉਥੋਂ ਦੀ ਸਰਕਾਰ ਦੀ ਸਰਕਾਰ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਇੱਕ ਵੱਡੇ ਖਤਰੇ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੈ। ਇਸ ਤੋਂ ਇਲਾਵਾ ਮਦੀਨਾ ਦੀ ਸੜਕ ਨੂੰ ਪਾਰ ਕਰਨ ਵਾਲੇ ਬਾਂਦਰਾਂ ਦਾ ਇੱਕ ਵੱਡਾ ਸਮੂਹ ਵੀ ਦੇਖਿਆ ਗਿਆ ਸੀ।
ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਵੱਡੀ ਗਿਣਤੀ ‘ਚ ਆਪਣੀ ਜਗ੍ਹਾ ਛੱਡ ਕੇ ਦੂਸਰੀ ਜਗ੍ਹਾ ਭੱਜਣਾ ਇਸ ਗੱਲ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੈ ਕਿ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਕੋਈ ਖਤਰਾ ਮਹਿਸੂਸ ਹੋ ਰਿਹਾ ਹੈ।  ਇਸ ਦਾ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਕਿਸੇ ਵੱਡੇ ਨੁਕਸਾਨ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ।

ਆਮਤੌਰ ਤੇ ਜਾਨਵਰਾਂ ਦੇ ਅਜਿਹੇ ਵਿਵਹਾਰ ਦੇ ਨੂੰ ਕਿਸੇ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਜਿਵੇਂ ਕਿ ਭਾਰੀ ਬਾਰਸ਼, ਭੁਚਾਲ ਜਾਂ ਜੁਆਲਾਮੁਖੀ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਮੰਨਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ।

ਤੁਹਾਨੂੰ ਦੱਸ ਦੇਈਏ ਕਿ ਇਸ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਵੀ ਭਾਰਤੀ ਵਿਗਿਆਨਕ ਨੇ ਅਨੁਮਾਨ ਲਗਾਇਆ ਸੀ ਕਿ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਭੂਚਾਲ ਜਾਂ ਸੁਨਾਮੀ ਆ ਸਕਦੀ ਹੈ। ਇਹ ਉਹੀ ਹੈ, ਜਿਸਨੇ ਪਹਿਲਾਂ ਸੁਨਾਮੀ ਦੀ ਭਵਿੱਖਬਾਣੀ ਕੀਤੀ ਸੀ।
ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! ਸੂਤਰਾਂ ਅਨੁਸਾਰ, ਇਸ ਨਾਲ 13 ਏਸ਼ੀਆਈ ਮੁਲਕ ਬੁਰੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਪ੍ਰਭਾਵਤ ਹੋਣਗੇ ਅਤੇ ਥਾਈਲੈਂਡ ਇਸ ਦੇ ਸਭ ਤੋਂ ਨੇੜੇ ਹੋਵੇਗਾ।

ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ!

ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! : ਇੰਡੋਨੇਸ਼ੀਆ ਸਮੁੰਦਰ ਦੇ ਕੰਢੇ ‘ਤੇ ਸ਼ਾਰਕ ਵੇਲ੍ਹਾਂ ਦਾ ਇਕੱਠਾ ਹੋਣਾ ਉਥੋਂ ਦੀ ਸਰਕਾਰ ਦੀ ਸਰਕਾਰ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਇੱਕ ਵੱਡੇ ਖਤਰੇ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੈ। ਇਸ ਤੋਂ ਇਲਾਵਾ ਮਦੀਨਾ ਦੀ ਸੜਕ ਨੂੰ ਪਾਰ ਕਰਨ ਵਾਲੇ ਬਾਂਦਰਾਂ ਦਾ ਇੱਕ ਵੱਡਾ ਸਮੂਹ ਵੀ ਦੇਖਿਆ ਗਿਆ ਸੀ।
ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਵੱਡੀ ਗਿਣਤੀ ‘ਚ ਆਪਣੀ ਜਗ੍ਹਾ ਛੱਡ ਕੇ ਦੂਸਰੀ ਜਗ੍ਹਾ ਭੱਜਣਾ ਇਸ ਗੱਲ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੈ ਕਿ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਕੋਈ ਖਤਰਾ ਮਹਿਸੂਸ ਹੋ ਰਿਹਾ ਹੈ।  ਇਸ ਦਾ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਕਿਸੇ ਵੱਡੇ ਨੁਕਸਾਨ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ।

ਆਮਤੌਰ ਤੇ ਜਾਨਵਰਾਂ ਦੇ ਅਜਿਹੇ ਵਿਵਹਾਰ ਦੇ ਨੂੰ ਕਿਸੇ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਜਿਵੇਂ ਕਿ ਭਾਰੀ ਬਾਰਸ਼, ਭੁਚਾਲ ਜਾਂ ਜੁਆਲਾਮੁਖੀ ਦਾ ਸੰਕੇਤ ਮੰਨਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ।

ਤੁਹਾਨੂੰ ਦੱਸ ਦੇਈਏ ਕਿ ਇਸ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਵੀ ਭਾਰਤੀ ਵਿਗਿਆਨਕ ਨੇ ਅਨੁਮਾਨ ਲਗਾਇਆ ਸੀ ਕਿ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਭੂਚਾਲ ਜਾਂ ਸੁਨਾਮੀ ਆ ਸਕਦੀ ਹੈ। ਇਹ ਉਹੀ ਹੈ, ਜਿਸਨੇ ਪਹਿਲਾਂ ਸੁਨਾਮੀ ਦੀ ਭਵਿੱਖਬਾਣੀ ਕੀਤੀ ਸੀ।
ਵਾਪਰ ਸਕਦੀ ਹੈ 31, ਦਸੰਬਰ 2017 ਨੂੰ ਵੱਡੀ ਕੁਦਰਤੀ ਆਫਤ ਨਾਲ ਤਬਾਹੀ, ਮਿਲੇ ਇਹ ਸੰਕੇਤ! ਸੂਤਰਾਂ ਅਨੁਸਾਰ, ਇਸ ਨਾਲ 13 ਏਸ਼ੀਆਈ ਮੁਲਕ ਬੁਰੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਪ੍ਰਭਾਵਤ ਹੋਣਗੇ ਅਤੇ ਥਾਈਲੈਂਡ ਇਸ ਦੇ ਸਭ ਤੋਂ ਨੇੜੇ ਹੋਵੇਗਾ।

ਟਰੰਪ ਦੀ ਧੀ ਇਵਾਂਕਾ ਦਾ ਭਾਰਤ ਦੌਰਾ ਖ਼ਤਮ ਹੁੰਦੇ ਹੀ ਹੋਇਆ ਬਹੁਤ ਵੱਡਾ ਖੁਲਾਸਾ , ਇੱਕ ਵੇਟਰੇਸ ਨੂੰ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੇ ਜਾਣ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਟਿਪ ਵਿੱਚ ਦੇ ਦਿੱਤੀ ਇਹ ਇੱਕ ਚੀਜ਼

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की बेटी भारत दारे पर आई थी और ऐसे में उम्मीद के मुताबिक़ एक बार फिर भारत और अमेरिका के बीच रिश्ते मजबूत हो जायेंगे. आपको बता दें वैश्विक उद्यमिता शिखर सम्मेलन – 2017 (जीईएस) में हिस्सा लेने के लिए वाइट हाउस की सलाहकार इवांका ट्रंप हैदराबाद आई थी . इस बार उनकी नजर ख़ास पीएम मोदी से बातचीत पर थीं और इसी बीच उन्होंने कई ऐसे काम किये हैं जिनकी वजह से भारत में उनकी दीवानगी और बढ़ गई है.

उन्होंने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर कहा कि, ‘ पीएम मोदी का शुक्रिया. जब से आप पीएम बने हैं, आपने ट्रांसफॉर्मेशन (परिवर्तन) को साबित किया है. आपने जो पाया है वो बेमिसाल है.’ आपको बता दें कि 30 नवंबर तक चलने वाले इस समिट की थीम ‘वूमन फर्स्ट, प्रॉस्पेरिटी फॉर ऑल ‘है. पीएम मोदी की तारीफ़ करते हुए इवांका ने आगे कहा कि, ‘आप यहां पर जो अचीव कर रहे हैं, वो बेमिसाल है. बचपन में चाय बेचने से लेकर आपके भारत का पीएम बनने तक के सफर से आपने ये साबित कर दिया है कि परिवर्तन मुमकिन है.’ ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ ਪੰਜਾਬੀ ਤੜਕਾ ਨਿਊਜ਼ ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .

इवांका ने अपने भाषण के दौरान अमेरिकी विदेश मंत्रालय और भारत के अफसरों को भी शुक्रिया कहा. आपको बता दें इस बीच हैदराबाद में इवांका का स्वागत करने वाली वेटर के साथ जो हुआ है वो आपको हैरान कर देगा. आपको बता दें इवांका होटल ट्रिडेंट में रुकी थीं, हालाकि पहले कहा जा हा था कि वो होटल wenisten में रुकेंगी लेकिन उनकी सुरक्षा ले किये उनका होटल चेंज किया गया था .

एक रिपोर्ट के अनुसार इवांका को भारत में रहना इतना पसंद आया था कि उन्होंने अपनी वेट्रेस को टिप में 15000 US डॉलर दे दिए, इसका सीधा मतलब है कि 9 लाख 66 हजार रूपये. उस वेटर की सैलरी मात्र 10 हजार बताई जा रही है . ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ ਪੰਜਾਬੀ ਤੜਕਾ ਨਿਊਜ਼ ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .

दोस्तों, देखा आपने जबसे बीजेपी सरकार आयी है कितना बदलाव आया है, आम आदमी से अब बड़े -बड़े लोग मिलते भी हैं और उन्हें इनाम देते हैं. इवांका ट्रम्प की यह बात काफी लोगों को बहुत पसंद आई है. ਤੁਸੀਂ ਪੜ੍ਹ ਰਹੇ ਹੋਂ Desi News ਦਾ ਆਰਟੀਕਲ , ਜੇ ਤੁਹਾਨੂੰ ਆਰਟੀਕਲ ਚੰਗਾ ਲਗੇ ਤਾ share ਜਰੂਰ ਕਰਨਾ . ਧੰਨਵਾਦ .

ਹੁਣੇ ਆਈ ਤਾਜਾ ਵੱਡੀ ਖਬਰ – ਪੰਜਾਬ ਚ ਵਾਪਰਿਆ ਫਿਰ ਕਹਿਰ ਹੋਈਆਂ ਕਈ ਮੌਤਾਂ ਅਤੇ …..

 

ਇੱਥੋਂ ਦੇ ਬਾਘਾਪੁਰਾਣਾ ਰੋਡ ‘ਤੇ ਇਕ ਭਿਆਨਕ ਸੜਕ ਹਾਦਸਾ ਹੋਇਆ ਹੈ ਜਿਸ ‘ਚ 4 ਲੋਕਾਂ ਦੀ ਮੌਤ ‘ਤੇ 17 ਜਖ਼ਮੀ ਹੋ ਗਏ ਹਨ।

ਜੈਪੁਰ ਵਲੋਂ ਜੰਮੂ ਜਾ ਰਹੀ ਬਸ ਆਪਣੇ ਸਾਹਮਣੇ ਜਾ ਰਹੇ ਕਣਕ ਨਾਲ ਭਰੇ ਟਰੱਕ ਨੂੰ ਓਵਰਟੇਕ ਕਰਨ ਲੱਗੀ ਤਾਂ ਸੰਤੁਲਨ ਖੋਹ ਬੈਠੀ।

ਤੇ ਨਾਲ ਹੀ ਟਰੱਕ ਦਾ ਵੀ ਸੰਤੁਲਨ ਵਿਗੜ ਗਿਆ। ਜਿਸ ਕਾਰਨ ਟਰੱਕ ਤੇ ਬਸ ਦੋਨੋ ਹੀ ਨਾਲ ਦਰੱਖਤ ਨਾਲ ਟੱਕਰਾ ਗਏ। ਇਸ ਹਾਦਸੇ ‘ਚ 4 ਲੋਕਾਂ ਦੀ ਮੌਤ ਹੋ ਗਈ ‘ਤੇ 17 ਲੋਕ ਜਖਮੀ ਹੋ ਗਏ।

moga

 

ਇਥੇ 12 ਸਾਲ ਦੀ ਉਮਰ’ਚ ਕੁੜੀਆਂ ਬਣ ਜਾਂਦੀਆਂ ਨੇ ਮੁੰਡਾ….

ਕਰੀਬੀਅਨ ਦੇਸ਼ ਡੌਮੀਨਿਕਨ ਰਿਪਬਲਿਕ ਵਿੱਚ ਇੱਕ ਛੋਟਾ ਜਿਹਾ ਪਿੰਡ ਹੈ , ਨਾਮ ਹੈ ਲਾ ਸੇਲੀਨਾਸ।ਇੱਥੇ ਦੇ ਬੱਚੇ ਇੱਕ ਅਜੀਬੋਗਰੀਬ ਰੋਗ ਨਾਲ ਜੂੰਝ ਰਹੇ ਹਨ।ਇੱਕ ਰੋਗ ਜੋ ਸਿਰਫ਼ ਰੋਗ ਨਹੀਂ , ਇੱਥੇ ਦੇ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਦੀ ਪਹਿਚਾਣ ਦਾ ਸਵਾਲ ਬਣ ਚੁੱਕੀ ਹੈ।

ਇਸ ਪਿੰਡ ਵਿੱਚ ਹਰ 90 ਬੱਚਿਆਂ ਵਿੱਚ ਇੱਕ ਬੱਚਾ ਅਜਿਹਾ ਹੈ ਜੋ ਪੈਦਾ ਤਾਂ ‘ਕੁੜੀ’ ਦੇ ਰੂਪ ਵਿੱਚ ਹੋਇਆ , ਪਰ 12 ਦੀ ਉਮਰ ਤੱਕ ਆਉਂਦੇ – ਆਉਂਦੇ ਉਹ ਮੁੰਡਾ ਬਣ ਗਿਆ।ਯਾਨੀ ਨੌਜਵਾਨ ਅਵਸਥਾ ਵਿੱਚ ਕਦਮ ਰੱਖਦੇ ਹੀ ਇਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਲਿੰਗ ਅਤੇ ਅੰਡਕੋਸ਼ ਵਿਕਸਿਤ ਹੋਣ ਲੱਗਦੇ ਹਨ।

Pseudohermaprodites mistreated Dominican republic

Pseudohermaprodites mistreated Dominican republic

ਇਨ੍ਹਾਂ ਬੱਚਿਆਂ ਨੂੰ ਇੱਥੇ ‘ਗਵੇਦੋਚੇ’ ਕਹਿਕੇ ਬੁਲਾਉਂਦੇ ਹਨ , ਜੋ ਇੱਕ ਚੰਗਾ ਸ਼ਬਦ ਨਹੀਂ , ਸਗੋਂ ਹਿਕਾਰਤ ਦੇ ਨਾਲ ਪ੍ਰਯੋਗ ਕੀਤਾ ਜਾਂਦਾ ਹੈ।ਸਗੋਂ ਇਸਦਾ ਸ਼ਾਬਦਿਕ ਮਤਲਬ ਹੀ ’12 ਸਾਲ ਦੀ ਉਮਰ ਵਿੱਚ ਲਿੰਗ’ ਹੈ। ਬਾਇਓਲਾਜੀਕਲ ਤੌਰ ਉੱਤੇ ਇਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ‘ਸੂਡੋਹਰਮਾਫਰਡਾਇਟ’ ਕਹਿੰਦੇ ਹਨ।

ਜਾਣਕਾਰੀ ਲਈ ਦੱਸ ਦਈਏ ਕਿ ਹਰਮਾਫਰਡਾਇਟ ਉਨ੍ਹਾਂਨੂੰ ਕਹਿੰਦੇ ਹਨ ਜਿਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਇੰਡੀਆ ਵਿੱਚ ਅਸੀਂ ਆਮ ਭਾਸ਼ਾ ਵਿੱਚ ਹਿਜੜੇ ਬੁਲਾਉਂਦੇ ਹਾਂ। ਯਾਨੀ ਜਿਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਗੁਪਤ ਅੰਗ ਉਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਵਿਕਸਿਤ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੇ ਜਿਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਆਮ ‘ਪੁਰਖ’ ਦੇ ਹੁੰਦੇ ਹਨ।

 

ਇਨ੍ਹਾਂ ਬੱਚਿਆਂ ਦੇ ਬਾਰੇ ਵਿੱਚ ੧ ਡਾਕਿਊਮੈਂਟਰੀ ‘ਕਾਉਂਟਡਾਉਨ ਟੂ ਲਾਇਫ : ਦ ਐਕਸਟਰਾਆਰਡਨਰੀ’ ਮੇਕਿੰਗ ਆਫ਼ ਯੂ ਤੋਂ ਪਤਾ ਚੱਲਿਆ।ਡਾਕਿਊਮੈਂਟਰੀ ਵਿੱਚ ਸਾਡੀ ਜਾਣ ਪਹਿਚਾਣ ਤੋਂ ਜਾਣੂ ਕਰਵਾਇਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ , ਜੋ ਕੁੜੀ ਦੇ ਰੂਪ ਵਿੱਚ ਪੈਦਾ ਹੋਇਆ ਸੀ।ਉਸਦਾ ਨਾਮ ਰੱਖਿਆ ਗਿਆ ਸੀ ਫੇਲਿਸਿਤਾ।ਜਦੋਂ ਉਹ ਪੈਦਾ ਹੋਇਆ ,ਉਸਦੇ ਸਰੀਰ ਵਿੱਚ ਲਿੰਗ ਨਹੀਂ ਸੀ।ਉਸਨੂੰ ਇੱਕ ਕੁੜੀ ਦੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਵੱਡਾ ਕੀਤਾ ਗਿਆ।

 

ਪਰ 7 ਸਾਲ ਦੀ ਉਮਰ ਤੋਂ ਉਸਦੇ ਸਰੀਰ ਵਿੱਚ ਉਹ ਬਦਲਾਅ ਆਉਣੇ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋਏ ਜੋ ਜਨਮ ਦੇ ਸਮੇਂ ਤੋਂ ਹੋਣੇ ਚਾਹੀਦੇ ਸਨ।ਅੱਜ ਜਾੱਨੀ ਦੀ ਉਮਰ 24 ਹੈ ਅਤੇ ਉਹ ਕਿਸੇ 24 ਸਾਲ ਦੇ ਪੁਰਖ ਦੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਹੈ।

ਜਾੱਨੀ ਕਹਿੰਦਾ ਹੈ , ‘ਉਨ੍ਹਾਂਨੂੰ ਪਤਾ ਹੀ ਨਹੀਂ ਸੀ ਮੇਰਾ ਲਿੰਗ ਕੀ ਸੀ।ਮੈਂ ਤਾਂ ਕੁੜੀਆਂ ਦੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਵੱਡਾ ਹੋਇਆ।ਘਰ ਵਿੱਚ ਫਰਾਕ ਪਹਿਨਦਾ ਸੀ।ਸਕੂਲ ਵੀ ਜਾਂਦਾ ਸੀ ਤਾਂ ਸਕਰਟ ਪਹਿਨਕੇ।ਪਰ ਮੈਨੂੰ ਸਕਰਟ ਪਹਿਨਣ ਕਦੇ ਚੰਗਾ ਨਹੀਂ ਲੱਗਿਆ।ਬਚਪਨ ਵਿੱਚ ਮੈਨੂੰ ਕੁੜੀਆਂ ਦੇ ਨਾਲ ਖੇਡਣ ਭੇਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਸੀ ਪਰ ਮੈਨੂੰ ਚੰਗਾ ਹੀ ਨਹੀਂ ਲੱਗਦਾ।ਮੈਂ ਬਸ ਮੌਕਾ ਵੇਖਕੇ ਕੁੜੀਆਂ ਦੇ ਨਾਲ ਖੇਡਣਾ ਚਾਹੁੰਦਾ ਸੀ।’

ਕਿਉਂ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਹ ਰੋਗ

ਜਦੋਂ ਬੱਚਾ ਮਾਂ ਦੇ ਢਿੱਡ ਵਿੱਚ ਹੁੰਦਾ ਹੈ , ਚਾਲੇ ਇਸਤਰੀ ਲਿੰਗ ਹੋਵੇ ਜਾਂ ਪੁਲਿੰਗ , ਉਸਦੀ ਲੱਤਾਂ ਦੇ ਵਿੱਚ ਇੱਕ ਉਭਾਰ ਜਿਹਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ।ਇਸਨੂੰ ਟਿਊਬਰਕਲ ਕਹਿੰਦੇ ਹਨ।ਜਦੋਂ ਭਰੂਣ 8 ਹਫਤੇ ਦਾ ਹੋਵੇ ਜਾਂਦਾ ਹੈ , ਇਹ ਉਭਾਰ ਮੁੰਡਿਆਂ ਵਿੱਚ ਲਿੰਗ ਦਾ ਸਰੂਪ ਲੈਣ ਲੱਗਦਾ ਹੈ ਅਤੇ ਕੁੜੀਆਂ ਵਿੱਚ ਕਲਿਟਰਿਸ ਦਾ।ਪਰ ਕੁੱਝ ਬੱਚਿਆਂ ਵਿੱਚ ਉਨ੍ਹਾਂ ਐਂਜਾਇਮ ਦੀ ਕਮੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਜੋ ਇਹ ਹਾਰਮੋਨ ਬਣਨ ਵਿੱਚ ਮਦਦ ਕਰਦਾ ਹੈ।ਫਲਸਰੂਪ , ਉਹ ਬਿਨਾਂ ਸੈਕਸ ਆਰਗਨ ਦੇ ਪੈਦੇ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਪ੍ਰਾਈਵੇਟ ਪਾਰਟ ਦਾ ਸਰੂਪ ਬਿਲਕੁਲ ਵਜਾਇਨਾ ਦੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਲੱਗਦਾ ਹੈ।

ਪਰ ਪਿਊਬਰਟੀ ਦੇ ਸਮੇਂ ਸਰੀਰ ਵਿੱਚ ਹਾਰਮੋਨ ਨਿਕਲਦੇ ਹਨ।ਇਨ੍ਹਾਂ ਹਾਰਮੋਨਸ ਤੋਂ ਇਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਲਿੰਗ ਵਿਕਸਿਤ ਹੋਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ , ਜੋ ਪਹਿਲਾਂ ਨਹੀਂ ਹੋਇਆ ਸੀ।ਆਮ ਮੁੰਡਿਆਂ ਦੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਇਹਨਾਂ ਦੀ ਅਵਾਜ ਵੀ ਭਾਰੀ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਅਤੇ 10 ਸਾਲ ਦੇਰ ਤੋਂ ਇਹ ਪੁਰਖ ਬਣਦੇ ਹਨ।

ਬਦਲਦੀ ਪਹਿਚਾਣ ਦੇ ਨਾਲ ਇਹ ਲੋਕ ਇੰਝ ਹੀ ਰਹਿ ਰਹੇ ਹਨ

ਜਿਵੇਂ ਸਾਡੇ ਦੇਸ਼ ਵਿੱਚ ਹਿਜੜਿਆਂ ਨੂੰ ਬੇਇੱਜ਼ਤੀ ਅਤੇ ਹਿਕਾਰਤ ਦੀਆਂ ਨਿਗਾਹਾਂ ਨਾਲ ਵਲੋਂ ਵੇਖਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ,ਇਨ੍ਹਾਂ ਬੱਚਿਆਂ ਦਾ ਵੀ ਇਹੀ ਹਾਲ ਹੈ।ਫਰਾਕ ਪਹਿਨਕੇ ਗੁੱਡੀਆਂ ਨਾਲ ਖੇਡਦੇ ਬੱਚਿਆਂ ਨੂੰ ਅਚਾਨਕ ਇੱਕ ਦਿਨ ਲਿੰਗ ਵਿਕਸਿਤ ਹੁੰਦਾ ਹੋਇਆ ਮਹਿਸੂਸ ਹੋਣ ਲੱਗਦਾ ਹੈ।